सेवा भारती उत्तराखंड, जिला हरिद्वार का वार्षिकोत्सव मंगलवार को ऋषिकुल आयुर्वेदिक कॉलेज के ऑडिटोरियम में श्रद्धा और उत्साह के साथ संपन्न हुआ। कार्यक्रम में राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के उत्तराखंड प्रांत प्रचारक डॉ. शैलेन्द्र मुख्य वक्ता के रूप में उपस्थित रहे, जबकि अध्यक्षता जिला अध्यक्ष एडवोकेट संजय जैन ने की।
कार्यक्रम का शुभारंभ दीप प्रज्ज्वलन एवं भारत माता के चित्र पर माल्यार्पण के साथ हुआ। सेवा बस्ती के बच्चों ने स्वागत गीत प्रस्तुत कर वातावरण को भावपूर्ण बना दिया।
मुख्य वक्ता डॉ. शैलेन्द्र ने अपने संबोधन में संघ के शताब्दी वर्ष और सेवा के महत्व पर प्रकाश डालते हुए ‘पंच परिवर्तन’ का मंत्र दिया। उन्होंने कहा कि सेवा भारती केवल संगठन नहीं, बल्कि सनातन मूल्यों की अभिव्यक्ति है। उन्होंने स्व का बोध, सामाजिक समरसता, कुटुंब प्रबोधन, पर्यावरण संरक्षण और नागरिक कर्तव्यों को जीवन में उतारने का आह्वान किया।
उन्होंने कहा कि सच्ची सेवा वही है जो जरूरतमंद को आत्मनिर्भर बनाए। समाज में समरसता लाने और अंतिम व्यक्ति तक पहुंचने के लिए सेवा कार्यों का विस्तार आवश्यक है।
जिला मंत्री श्रीमती सरिता सिंह ने वर्ष 2025-26 का वार्षिक प्रतिवेदन प्रस्तुत करते हुए बताया कि जिले की 34 सेवा बस्तियों में 38 प्रकल्प संचालित किए जा रहे हैं। इनमें संस्कार केंद्र, सिलाई व कंप्यूटर प्रशिक्षण, स्वास्थ्य सेवाएं और सामाजिक कार्य शामिल हैं। उन्होंने बताया कि पिछले वर्ष 1350 बच्चों को निशुल्क शिक्षा सामग्री, 420 महिलाओं को प्रशिक्षण तथा 8600 से अधिक लोगों को स्वास्थ्य शिविरों से लाभ मिला। बाढ़ प्रभावित लक्सर क्षेत्र में भी राहत सामग्री वितरित की गई।
कार्यक्रम में विभिन्न सेवा केंद्रों के बच्चों ने योग एवं सांस्कृतिक प्रस्तुतियां देकर सभी का मन मोह लिया। मंच संचालन अनमोल गर्ग एवं सरिता सिंह ने किया।
अंत में सरिता सिंह ने सहयोगकर्ताओं एवं ऋषिकुल मेडिकल कॉलेज प्रबंधन का आभार व्यक्त किया। आरती के साथ कार्यक्रम का समापन हुआ।
इस अवसर पर प्रांत एवं जिला स्तर के अनेक पदाधिकारी, कार्यकर्ता, शिक्षिकाएं एवं गणमान्य लोग उपस्थित रहे।




