चारधाम यात्रा का पहला चरण लगभग पूरा हो गया है। इस चरण में अब तक करीब 50 लाख श्रद्धालु चारधामों के दर्शन कर चुके हैं। यात्रा इस वर्ष भी नया रिकॉर्ड बनाने की ओर बढ़ रही है। 15 सितंबर से यात्रा का दूसरा चरण शुरू होगा, जिसे लेकर बदरीनाथ-केदारनाथ मंदिर समिति (बीकेटीसी) ने तैयारियां तेज कर दी हैं।
बीकेटीसी अध्यक्ष हेमंत द्विवेदी ने बताया कि मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के मार्गदर्शन में चारधाम यात्रा का संचालन बेहतर ढंग से किया जा रहा है। मानसून के दौरान भी यात्रा निर्बाध रूप से जारी रही। दूसरे चरण में श्रद्धालुओं को सुगम और सुविधाजनक दर्शन कराना सरकार और मंदिर समिति की पहली प्राथमिकता होगी। यात्रा व्यवस्थाओं को लेकर मुख्यमंत्री के साथ भी चर्चा की जा चुकी है।
उन्होंने बताया कि केदारनाथ और बदरीनाथ धाम में लगातार बढ़ रही श्रद्धालुओं की संख्या को देखते हुए भीड़ प्रबंधन पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है। श्रद्धालुओं को लंबे समय तक कतार में खड़ा न रहना पड़े, इसके लिए मंदिरों में सुबह-शाम होने वाली पूजाओं के समय में भी आवश्यक बदलाव किए गए हैं। बीकेटीसी ने वीआईपी संस्कृति को समाप्त करने की दिशा में भी कदम उठाए हैं।
द्विवेदी के अनुसार बदरीनाथ और केदारनाथ समेत बीकेटीसी के अधीन 45 मंदिरों में सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत करने के लिए रोडमैप तैयार किया गया है। संवेदनशील स्थानों पर निगरानी बढ़ाने के साथ एआई आधारित आधुनिक सुरक्षा प्रणाली अपनाने पर भी काम किया जा रहा है।
उन्होंने बताया कि तीर्थपुरोहितों और हक-हकूकधारियों के लिए पहली बार कल्याण कोष बनाया गया है। आपात स्थिति में इस कोष से तीर्थपुरोहितों को आर्थिक सहायता उपलब्ध कराई जाएगी। कर्मचारियों के लिए भी अलग कल्याण कोष बनाने पर विचार किया जा रहा है।




