जिले में चल रहे हरित हरिद्वार अभियान की अवधि बढ़ाकर 15 सितंबर कर दी गई है। मुख्य विकास अधिकारी डॉ. ललित नारायण मिश्र की अध्यक्षता में हुई समीक्षा बैठक में मानसून अवधि समाप्त होने से पहले मिशन मोड में अधिक से अधिक पौधरोपण कराने के निर्देश दिए गए।
सीडीओ ने वन विभाग, एचआरडीए, जिला पंचायत राज विभाग, नगर निकायों और स्वयं सहायता समूहों को अभियान में सक्रिय भागीदारी सुनिश्चित करने को कहा। वन विभाग और एचआरडीए ने बताया कि जिले में सजावटी और वन प्रजातियों के पर्याप्त पौधे उपलब्ध हैं, जिन्हें जरूरत के अनुसार विभिन्न विभागों को उपलब्ध कराया जाएगा।
ग्रामीण क्षेत्रों में जिला पंचायत राज विभाग और शहरी क्षेत्रों में नगर निकायों के माध्यम से पौधरोपण अभियान को गति देने के निर्देश दिए गए हैं। स्वयं सहायता समूहों की महिलाओं की सहभागिता भी सुनिश्चित की जाएगी।
शिक्षक दिवस पर विशेष अभियान
5 सितंबर को शिक्षक दिवस के अवसर पर ‘एक पेड़ गुरु के नाम’ अभियान चलाया जाएगा। इसके तहत जिले के सभी विद्यालयों में पौधरोपण कराया जाएगा। मुख्य विकास अधिकारी ने मुख्य शिक्षा अधिकारी को सभी स्कूलों में कार्यक्रम आयोजित कराने और पौधों की उपलब्धता सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
कुंभ के मद्देनजर विकसित होगी ऑक्सीजन लेन
आगामी कुंभ मेले को देखते हुए नगर क्षेत्रों में आंवला, पीपल, नीम और बरगद जैसे पौधों का रोपण कर ऑक्सीजन लेन विकसित करने की योजना पर भी चर्चा हुई। अधिकारियों को प्रत्येक पौधरोपण की जानकारी और फोटो ‘हरित हरिद्वार एप’ पर अनिवार्य रूप से अपलोड करने के निर्देश दिए गए।
बैठक में जिला प्रोवेशन अधिकारी अविनाश भदौरिया, जिला अर्थ एवं संख्या अधिकारी नलिनी ध्यानी, मुख्य उद्यान अधिकारी तेजपाल सिंह सहित संबंधित विभागों के अधिकारी मौजूद रहे।




