चेक बाउंस के मामले में एसीजेएम अविनाश कुमार श्रीवास्तव की अदालत ने आरोपी मनमोहन सिंह रावत को दोषी करार देते हुए एक वर्ष की कठोर कैद और 9.10 लाख रुपये के अर्थदंड की सजा सुनाई है। अदालत ने जुर्माने की राशि में से नौ लाख रुपये शिकायतकर्ता को प्रतिकर के रूप में देने और शेष 10 हजार रुपये सरकारी खाते में जमा करने के आदेश दिए हैं।
अधिवक्ता राकेश सिंह ने बताया कि रामधाम कॉलोनी निवासी अतुल शर्मा बिल्डिंग मैटेरियल का कारोबार करते हैं। वहीं आरोपी मनमोहन सिंह रावत पुत्र कुंवर सिंह, निवासी शिवालिक नगर, रानीपुर, सिडकुल क्षेत्र में बिल्डिंग ठेकेदारी करता है। शिकायत के अनुसार आरोपी ने शिकायतकर्ता से नौ लाख रुपये का बिल्डिंग मैटेरियल खरीदा था।
बकाया रकम का भुगतान मांगने पर आरोपी टालमटोल करता रहा। बाद में उसने नौ लाख रुपये का चेक देते हुए भरोसा दिलाया कि बैंक में जमा करने पर भुगतान हो जाएगा। शिकायतकर्ता ने चेक बैंक में लगाया, लेकिन खाते में पर्याप्त धनराशि नहीं होने के कारण चेक बाउंस हो गया।
इसके बाद शिकायतकर्ता ने आरोपी को रकम के भुगतान के लिए कानूनी नोटिस भेजा, लेकिन निर्धारित अवधि में भुगतान नहीं किया गया। मजबूर होकर शिकायतकर्ता ने अदालत की शरण ली। मामले की सुनवाई के बाद अदालत ने आरोपी को दोषसिद्ध करते हुए उक्त सजा सुनाई।




