मसूरी। मालरोड क्षेत्र से पटरी हटाने की कार्रवाई के बाद टाउन वेंडिंग कमेटी (टीवीसी) के सदस्यों ने प्रशासन और पुलिस से जान–माल की सुरक्षा की मांग की है। टीवीसी सदस्यों का कहना है कि उनके खिलाफ लगातार धमकियां दी जा रही हैं और सोशल मीडिया पर गलत टिप्पणियां की जा रही हैं, जबकि वे स्वयं पटरी विस्थापन और जांच प्रक्रिया से बाहर हो चुके हैं।
टीवीसी सदस्य गीता भट्ट ने प्रेस वार्ता में कहा कि टीवीसी के चार सदस्यों का चुनाव पटरी व्यापारियों ने किया था और उनका कार्य केवल पटरी व्यापारियों के सत्यापन में सहयोग करना था। इसके बाद की जांच प्रशासन, पुलिस और पालिका द्वारा की गई, जिसमें उनका कोई योगदान नहीं रहा। इसके बावजूद उन्हें धमकियां मिल रही हैं, जो अनुचित है।
टीवीसी सदस्य अंजना ढौडियाल ने आरोप लगाया कि कुछ लोग पटरी व्यापारियों की राजनीति कर टीवीसी सदस्यों को निशाना बना रहे हैं। उन्होंने कहा कि उन्हें लगातार टार्चर और हरेसमेंट किया जा रहा है, जिसके प्रमाण उनके पास मौजूद हैं। उन्होंने गंभीर आरोप लगाते हुए बताया कि उनकी दुकान जलाने, घर तक पीछा करने और जान से मारने की धमकी दी गई है, जिसकी रिपोर्ट थाने में दी जाएगी।
पूर्व टीवीसी सदस्य अभिलाष सैनी ने कहा कि वर्तमान में प्रशासन द्वारा पूरी तरह कानूनी और पारदर्शी प्रक्रिया अपनाई जा रही है। उन्होंने कहा कि इसके बावजूद उनका नाम भी विवाद में घसीटा जा रहा है, जबकि वे स्वयं अब पटरी व्यापारी नहीं हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि जो लोग गरीबों की रोजी–रोटी की बात कर रहे हैं, वे स्वयं संपन्न हैं।
इस मौके पर मुरारी पंवार ने भी सूची से बाहर होने के बावजूद झगड़े और धमकियों की बात कही और किसी भी अप्रिय घटना के लिए आरोपित लोगों को जिम्मेदार ठहराया। प्रेस वार्ता में अमन रावत, सरतमा देवी सहित अन्य लोग भी मौजूद रहे।




